बीजिंग, 20 सितम्बर (आईएएनएस)। शिनच्यांग वेइगुर स्वायत्त प्रदेश का 19 वर्षीय युवक अक्रीबैक एक साल पहले दक्षिणी चीन के क्वांगतुंग प्रांत के ह्वेईचाउ शहर में काम करने आया। अक्रीबैक ने बताया कि उस के पिता का बहुत पहले ही निधन हो गया था। घर पर उसकी मां, एक छोटी बहन और वह खुद है। अपने परिवारजनों को अच्छा जीवन दिलाने के लिए अक्रीबैक मिडिल स्कूल में अपनी पढ़ाई पूरी कर क्वांगतुंग में काम करने आया है।
अक्रीबैक ने कहा कि जब घर पर रहता था तब मुझे भी अपने लिए एक मोबाइल-फोन खरीदने का स्वप्न था। क्योंकि मेरे सभी सहपाठियों के पास मोबाइल फोन है और वे मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने का आनन्द उठाते हैं। लेकिन मेरे घर में आर्थिक हालत अच्छी नहीं थी। मेरी मां एक महीने में केवल एक दो हजार युवान ही कमा पाती थी, घर में मेरे पास मोबाइल फोन खरीदने के पैसे नहीं थे। तब मुझे अपने सहपाठियों से मोबाइल फोन उधार लेना पड़ा।
क्वांगतुंग प्रांत की एक इलेक्ट्रिक फैक्टरी में काम करने के तीसरे महीने में अक्रीबैक ने अपनी कमाई से एक मोबाईल फोन खरीदा। अक्रीबैक ने अपनी आय का अधिकांश भाग मां को वापस भेज दिया, शेष भाग से अक्रीबैक ने रोजाना खर्च में प्रयोग किया और एक मोबाइल फोन खरीदा। मोबाइल फोन श्रेष्ठ है और इससे अक्रीबैक को इंटरनेट पर बहुत जानकारियां मिल जाती है।
अब अक्रीबैक की मां खुश है, घर में सब कुछ खरीद सकते हैं। मां ने अक्रीबैक को धन्यवाद कहा। मां की बात सुनकर अक्रीबैक भावुक हो गया। लेकिन अक्रीबैक ने अपनी बहन के लिए एक और मोबाइल फोन खरीदने से इनकार किया। उसने कहा कि बहन अब छोटी है, केवल छठी कक्षा में पढ़ती है। ऐसी उम्र में मोबाइल फोन रखना अच्छा नहीं है। हाई स्कूल में पढ़ने के बाद मैं उसे एक मोबाइल फोन खरीद कर दूंगा।
वहीं, दो महीने पहले बीस वर्षीय लड़की उलान, अपनी जन्मभूमि शिनच्यांग वेइगुर स्वायत्त प्रदेश के यीली शहर से दक्षिणी चीन के नानचींग शहर की एक इलेक्ट्रिक फैक्ट्री में काम करने गयी।
उलान ने कहा कि भीतरी इलाके ज्यादा विकसित हैं। और यहां आने से पहले मुझे नानचींग में खानपान, रहन-सहन जैसे सबकुछ की जानकारियां प्राप्त हुईं। उलान ने कहा कि काम करते समय कष्ट और थकावट होती है। लेकिन पैसा कमाने के लिए यहां काम करने आयी हूं। पहले हम माता पिता से पैसे मांगते थे, लेकिन अब हमें अपने श्रम से आय कमानी पड़ती है। मेरे अधिकांश सहपाठियों की शादी हो चुकी है। कुछ के बच्चे भी हैं। लेकिन मेरा ख्याल है कि अपनी शक्ति पर भरोसा करने से भी खुशी है।
इलेक्ट्रिक फैक्ट्री में काम करने से उलान को पाँच हजार युवान की मासिक आय मिलती है, जो अपनी जन्मभूमि के औसत वेतन से ज्यादा है। अब उलान के पड़ोसी सब गांव में रहते हैं। उलान का विचार है कि पैसा कमाने के बाद वह काउंटी नगर में मां-बाप के लिए एक मकान खरीदेंगी। वहां का मकान आम तौर पर एक लाख युवान का होता है। इसलिए दो तीन साल काम करने के बाद यह लक्ष्य साकार हो सकेगा।
(साभार-- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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Source From
RACHNA SAROVAR
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